<p class="wp-block-paragraph">गुजरात के सूरत शहर में स्थित शिव शक्ति टेक्सटाइल मार्केट में भीषण आग लगने की खबर सामने आई है। आग इतनी भयावह थी कि दमकल विभाग को इसे नियंत्रित करने में भारी मशक्कत करनी पड़ी। इस घटना में करीब 500 करोड़ रुपये का नुकसान होने का अनुमान है। हालाँकि, राहत की बात यह है कि अब तक किसी भी जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं मिली है।</p>
<p class="wp-block-paragraph"><strong>24 घंटे बाद भी जलती रही आग</strong><br>सूत्रों के अनुसार, यह आग लगातार दूसरे दिन तक जलती रही, जिससे व्यापारियों और स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मच गया। बिल्डिंग के अंदर तेज धुआं और लगातार गिरती हुई संरचनाएं दमकल कर्मियों के लिए बचाव कार्य को कठिन बना रही हैं।</p>
<p class="wp-block-paragraph"><strong>आग लगने का कारण क्या था?</strong><br>हालांकि आग लगने के पीछे की वजह का आधिकारिक खुलासा अभी नहीं हुआ है, लेकिन प्राथमिक जांच में शॉर्ट सर्किट की संभावना जताई जा रही है। टेक्सटाइल बाजारों में संयुक्त गोदाम और बड़े पैमाने पर ज्वलनशील सामग्रियों की मौजूदगी आग को तेजी से फैलाने का कारण बनी।</p>
<p class="wp-block-paragraph"><strong>व्यापारियों को हुआ भारी नुकसान</strong><br>टेक्सटाइल हब माने जाने वाले सूरत के इस मार्केट में हजारों व्यापारी और मजदूर रोजगार पाते हैं। इस भीषण आग के चलते सैकड़ों दुकानदारों को करोड़ों का नुकसान हुआ है। व्यापारियों ने सरकार से मुआवजे की मांग की है और आग लगने के कारणों की गहराई से जांच कराने की अपील की है।</p>
गुजरात के सूरत शहर में स्थित शिव शक्ति टेक्सटाइल मार्केट में भीषण आग लगने की खबर सामने आई है। आग इतनी भयावह थी कि दमकल विभाग को इसे नियंत्रित करने में भारी मशक्कत करनी पड़ी। इस घटना में करीब 500 करोड़ रुपये का नुकसान होने का अनुमान है। हालाँकि, राहत की बात यह है कि अब तक किसी भी जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं मिली है।
24 घंटे बाद भी जलती रही आग सूत्रों के अनुसार, यह आग लगातार दूसरे दिन तक जलती रही, जिससे व्यापारियों और स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मच गया। बिल्डिंग के अंदर तेज धुआं और लगातार गिरती हुई संरचनाएं दमकल कर्मियों के लिए बचाव कार्य को कठिन बना रही हैं।
आग लगने का कारण क्या था? हालांकि आग लगने के पीछे की वजह का आधिकारिक खुलासा अभी नहीं हुआ है, लेकिन प्राथमिक जांच में शॉर्ट सर्किट की संभावना जताई जा रही है। टेक्सटाइल बाजारों में संयुक्त गोदाम और बड़े पैमाने पर ज्वलनशील सामग्रियों की मौजूदगी आग को तेजी से फैलाने का कारण बनी।
व्यापारियों को हुआ भारी नुकसान टेक्सटाइल हब माने जाने वाले सूरत के इस मार्केट में हजारों व्यापारी और मजदूर रोजगार पाते हैं। इस भीषण आग के चलते सैकड़ों दुकानदारों को करोड़ों का नुकसान हुआ है। व्यापारियों ने सरकार से मुआवजे की मांग की है और आग लगने के कारणों की गहराई से जांच कराने की अपील की है।